रिपोर्ट- जागरण समाचार प्रतिनिधि
मंगलौर। कोतवाली क्षेत्र के एक मोहल्ला निवासी व्यक्ति ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि बीते एक जून की सुबह करीब छह बजे उनकी नाबालिग पुत्री को क्षेत्र के ही रहने वाले आरोपी बहला-फुसलाकर कार में बैठाकर रामपुर रुड़की स्थित एक अज्ञात मकान में ले गए। आरोप है कि वहां एक युवक ने नाबालिग के साथ जबरन दुष्कर्म किया और शाम तक उसे बंधक बनाकर रखा गया। पीड़ित व्यक्ति ने पुलिस को तहरीर देकर बताया कि घटना की शाम आरोपी अपनी एक महिला रिश्तेदार के साथ पीड़िता को कार से नैनीताल ले गए। वहां महिला आरोपी ने अपनी आईडी पर कमरा लिया जहां मुख्य आरोपी ने पीड़िता को डरा-धमकाकर कागजों पर दस्तखत करा लिए। इसके बाद बीते चार जून को आरोपियों ने नैनीताल हाईकोर्ट में पीड़िता को अपनी पत्नी बताते हुए सुरक्षा के लिए एक फर्जी निकाहनामा पेश कर दिया।
मामले की भनक लगते ही जब पीड़िता के पिता हाईकोर्ट पहुंचे तो उन्होंने अदालत के समक्ष पीड़िता के स्कूल की टीसी और जन्म प्रमाण पत्र प्रस्तुत किए। दस्तावेजों की जांच के बाद न्यायालय ने किशोरी को नाबालिग पाया। अदालत के आदेश पर तुरंत संज्ञान लेते हुए पीड़िता को हल्द्वानी स्थित नारी निकेतन भेज दिया गया जहां से बीती 18 जून को अदालती आदेश पर पिता अपनी बेटी को वापस लेकर आए। घर लौटने पर पीड़िता ने परिजनों को अपनी पूरी आपबीती सुनाई। मंगलौर कोतवाली प्रभारी निरीक्षक भगवान महर ने बताया कि तहरीर के आधार पर पुलिस ने मोहम्मद रजा, मांझी, सारिका, मोनिशा और बिल्किस के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। आरोपियों की तलाश की जा रही है।
