रिपोर्ट👉 जागरण समाचार प्रतिनिधि
मंगलौर। सावन के पावन महीने में हरिद्वार से गंगाजल लेकर लौट रहे कावड़ियों का सैलाब उमड़ पड़ा है. जहाँ एक ओर पूरा माहौल शिवमय है वहीं दूसरी ओर मंगलौर से गुज़र रहे नेशनल हाईवे पर अव्यवस्था का नज़ारा साफ़ देखा जा सकता है।

हरिद्वार से गंगाजल लेकर लौट रहे हरियाणा के अधिकांश कावड़ियों ने चोपहिया वाहनों को हाईवे के किनारे और रोडवेज बस अड्डा परिसर के अंदर बेतरतीब तरीक़े से पार्क कर दिया है। हाईवे के सर्विस लेन और मुख्य सड़क के किनारे वाहनों की लंबी क़तारें लगी हुई हैं। ट्रक, पिकअप वैन बड़ी संख्या में सड़क के एक बड़े हिस्से को घेरे हुए हैं यह स्थिति न केवल पैदल चलने वालों के लिए परेशानी का सबब बनी हुई है बल्कि इससे तेज़ रफ़्तार से गुज़रने वाले वाहनों के लिए भी ख़तरा पैदा हो गया है. स्थानीय निवासियों और राहगीरों ने बताया कि वाहनों की यह बेतरतीब पार्किंग आने वाले कुछ ही घंटों में एक भीषण जाम की स्थिति पैदा कर सकती है कावड़ यात्रा के दौरान वैसे ही ट्रैफ़िक का दबाव ज़्यादा रहता है, और अब सड़क किनारे खड़े ये वाहन ट्रैफ़िक के सुचारू प्रवाह में बड़ी बाधा बन रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर समय रहते इन वाहनों को नहीं हटाया गया, तो शाम तक यहाँ किलोमीटर लंबा जाम लग सकता है। इतना ही नहीं हाईवे के साथ-साथ रोडवेज बस अड्डा परिसर के अंदर भी कावड़ियों के वाहन बड़ी संख्या में खड़े हैं। कावड़ यात्रा के दौरान पुख्ता इंतज़ाम के दावों के बीच हाईवे पर इस तरह की अव्यवस्था प्रशासनिक सुस्ती पर सवाल खड़े करती है ट्रैफ़िक पुलिस की तैनाती के बावजूद वाहनों को इस तरह पार्क करने से नहीं रोका जा रहा है, जो चिंता का विषय है हालांकि स्थानीय पुलिस लगातार ट्रक चालकों को अपने गंतव्य की ओर भेजने का प्रयास कर रही है। प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि स्थिति पर नज़र रखे हुए हैं और ट्रैफ़िक को सुचारू बनाने के प्रयास किए जा रहे हैं। कावड़ियों से भी अपील की जाती है कि वे अपने वाहनों को निर्धारित पार्किंग स्थलों पर ही पार्क करें ताकि दूसरों को असुविधा न हो।
